news updates

मिर्जापुर: हाइवा ट्रक की चपेट में आने से बाइक सवार युवक की हुई मौत, नाराज ग्रामीणों ने ट्रक में लगाई आग मिर्जापुर: धर्मांतरण मामले में मुख्य आरोपी इमरान खान को सीजेएम कोर्ट से 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया जेल मिर्जापुर: मां विंध्यवासिनी मंदिर पर ठंड को देखते हुए जगह-जगह लगाया गया हीटर मिर्जापुर: बेटे की जान बचाने के लिए माता-पिता ने सोशल मीडिया पर मांगी मदद,14 माह के बेटे को लगेगा 9 करोड़ का इंजेक्शन

मिर्जापुर पुलिस ने नौकरी के झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश, 14 को गिरफ्तार कर भेजा जेल.

मिर्जापुर पुलिस ने नौकरी के झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश, 14 को गिरफ्तार कर भेजा जेल.

  •   जेपी पटेल
  •  2025-09-17 21:42:53
  •  0

मिर्जापुर जनपद में नौकरी का झांसा देकर ठगी करने वाला रैकेट का पुलिस ने खुलासा किया है.दो मास्टरमाइंड समेत 14 को गिरफ्तार किया है.फर्जी कंपनी बनाकर नौकरी दिलाने के नाम पर जालसाजी करते थे.हर एक युवक से बाईस हजार रुपये जमा कराते थे.ट्रेनिंग के नाम पर बुलाकर युवकों को बंधक बना लेते थे.नकली प्रोडक्ट को बेचने और तीन अन्य युवकों को जोड़ने का दबाव बनाते थे.विरोध करने पर कंपनी के लोग प्रताड़ित करते थे.कंपनी चलाने वाले मास्टरमाइंड एक 10वीं तो एक आठवीं पास है.

मिर्जापुर के कटरा पुलिस ने एसओजी और संर्विलांस की संयुक्त टीम के साथ कम्पनी में नौकरी देने का झासा देकर धन उगाही करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है. 14 जालसाजों को गिरफ्तार किया है. इनके पास से तीन मोटर साइकिल, कम्प्यूटर, प्रिंटर, स्केनर 10 मोबाइल बरामद किया है. वसूल किए गए 8 लाख रुपए को बैंक में सीज कराया है. दरअसल कटरा कोतवाली में 16 सितंबर को कानपुर नौबस्ता गल्ला मण्डी के रहने वाले तनिष उमराव ने नामजद अभियुक्तों के खिलाफ कम्पनी में नौकरी देने का झासा देकर धन उगाही करने के सम्बन्ध में लिखित तहरीर दी थी. प्राप्त तहरीर के आधार पर कटरा पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जनपद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सोमेन बर्मा के निर्देश पर कटरा पुलिस, एसओजी और सर्विलांस की संयुक्त टीम ने मुखबिर सूचना पर जंगीरोड़ ककरहवा से 14 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया. पुलिस ने गिरफ्तार अभियुक्तों से पूछताछ की तो उनके द्वारा बताया गया की लीड विजन ट्रेडिंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड नाम से कम्पनी में प्रदेश के विभिन्न जनपद से अलग-अलग लोगो सम्पर्क कर नौकरी के नाम पर बुलाते है तथा उनको नौकरी का झासा देकर 22000 रूपये प्रति व्यक्ति से पैसा वसूलते है और पैसा न मिलने पर उनको बन्धक बनाकर मारते-पीटते है. जान से मारने का भय दिखा कर उनके द्वारा फर्जी कम्पनियों के सौन्दर्य प्रसांधन के वस्तुएं जबरन खरीदवाकर पैसा वसुलते है. इस प्रकार से प्राप्त रुपये को हमलोग आपस में बाटकर भौतिक सुख-सुविधा का लाभ उठाते है. अपर पुलिस अधीक्षक नितेश कुमार ने बताया कि नौकरी का झांसा देकर यह गिरोह कई राज्यों में वसूली करता था. फर्जी कंपनी बनाकर लोगों से ठगी करते थे.इसके मास्टरमाइंड एक आठवीं पास है दूसरा दसवीं है. 22000 ले लेते थे न नौकरी देते थे और ना ही पैसा वापस करते थे. शिकायत मिलने पर कार्रवाई की गई है इनके अन्य साथियों की भी तलाश की जा रही है.

Tag :  

संबंधित पोस्ट