मिर्जापुर : जरगो डैम से जल्द ही किसानों भरपूर सिंचाई के लिए पानी मिलेगा, पंप कैनाल के जरिये गंगा के पानी को लिफ़्ट कराकर डैम को भरा जाएगा. इसके लिए 487 करोड़ की परियोजना को मुख्य अभियंता समिति लखनऊ ने स्वीकृति दी है.वर्षा आधारित जरगो डैम में सात नदियां और 27 नाल आकर मिलते हैं. कई वर्षों से बारिश कम होने से डैम भर नहीं पा रहा था जिससे किसानों की फसल सूख जा रहे थे. किसान यूनियन के साथ ही जनप्रतिनिधियों के मांग पर गंगा से लिफ्ट कराकर जरगो जलाशय भरने की स्वीकृति मिलने से किसानों में खुशी है. जरगो डैम भर जाने से 75 से अधिक नहरों में पानी जाएगा और 25000 से अधिक हेक्टेयर खेतों की सिंचाई होगी.
मिर्जापुर का जरगो डैम कभी सूखता नहीं था उसका कारण यह था कि बारिश होने पर सात नदियों और 27 नालों का पानी डैम में पहुंचता था और डैम भर जाता था.जिससे इलाके के किसानों के खेत की सिंचाई होती थी. मगर चार वर्षो से कम बारिश होने के कारण डैम सूखने के कगार पर पहुंच गया.डैम से नहरों में पानी न पहुचने से किसानों की फसल सूखने लगे. जिसको लेकर किसान यूनियन के नेता और जिले की सांसद अनुप्रिया पटेल और इलाके के विधायक अनुराग सिंह और रमाशंकर पटेल ने गंगा नदी से पानी लिफ्ट कराकर डैम भरने को लेकर मांग की तो कुछ महीने पहले एक टीम लखनऊ से आकर सर्बे करके शासन को दी.अब 487 करोड़ की परियोजना को मुख्य अभियंता समिति लखनऊ ने स्वीकृति दे दी है.
पिछले कई सालों से जरगो डैम सूखा हुआ है.जिसको लेकर समसपुर से जरगो डैम में गंगा का पानी ले जाने की परियोजना को मंजूरी मिलने से क्षेत्र के किसानों में खुशी है.भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश उपाध्यक्ष सिद्धनाथ सिंह ने बताया की कई वर्षो जनपद सुखे की चपेट में रहा है, जिसको लेकर किसान यूनियन ने मांग की थी कि समसपुर से जरगो डैम को भरा जाए फिर जरगो डैम से हुसैनपुर लिंक में पानी छोड़ा जाए.अब इस परियोजना कि सौगात मिली है यह किसानों के लिए वरदान साबित होगा,इसको लेकर किसानों में उत्साह है.कभी यह बांध सूखता नही था.कम बारिश होने के चलते डैम सूख गया था, जिससे 50 प्रतिशत ही खेती होती थी और मजबूरन में लोग बाजरा की खेती लोग करते थे.मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सिंचाई मंत्री को धन्यवाद देते हैं.
परियोजना का अनुमानित लागत 487 करोड़ है. समसपुर में 240 क्यूसेक क्षमता का पंप कैनाल बनाया जाएगा.फिर गंगा के पानी को लिफ्ट कराकर डैम में पहुंचाया जाएगा.जरगो डैम भर जाने से 75 से अधिक नहरों में पानी जाएगा और 25000 से अधिक हेक्टेयर खेतों की सिंचाई होगी. जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने बताया कि जरगो डैम वर्षा आधारित डैम है, पूरी तरह से भर नहीं पा रहा था जिससे किसानों के सिंचाई के लिए परेशानी हो रही थी. गर्मी में और परेशानी बढ़ जाती थी.जिसको लेकर गंगा में एक लिफ्ट पंप कैनाल बनाकर जरगो भरने का जो प्रोजेक्ट है समसपुर पंप कैनाल के नाम से बनाया गया है. इसको लेकर पिछले वर्ष एक समिति बनाई गई थी. समिति ने एक प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार कर सर्वे करके प्रोजेक्ट तैयार किया था.फिर सिंचाई विभाग से सर्वे कराया गया. 487 करोड़ परियोजना बनाई गई है. इसस किसानों और उद्योग को लाभ मिलेगा. स्वीकृति मिल चुकी है जल्द ही सभी विभाग से एनओसी लेकर परियोजना को धरातल पर उतरा जाएगा.
Tag :Copyright © 2017 NewsaddaaclickAll Right Reserved.